स्नान यात्रा - Snan Yatra [24 June 2021]
*जगन्नाथ रथ यात्रा* तथा बहुदा यात्रा से भी पहले हमें एक और रोचक यात्रा के बारे में जानना चाहिए। जगन्नाथ रथ यात्रा के अनुष्ठान की तैयारियाँ रथ यात्रा के दिन से बहुत पहले से प्रारंभ हो जाया करतीं हैं। रथयात्रा से लगभग 18 दिन पहले भगवान जगन्नाथ, उनके *भाई बलभद्र* और उनकी बहन *देवी सुभद्रा* को औपचारिक जल स्नान कराया जाता है। जिसे स्नान यात्रा के नाम से जाना जाता है।
स्नान यात्रा के दिन, भगवान को जगन्नाथ मंदिर के उत्तरी कुएं से खींचे गए शुद्ध जल के 108 बर्तनों से स्नान कराया जाता है।
ठंडे जल से स्नान के उपरांत भगवान बीमार पड़ जाते हैं, और 15 दिनों तक भक्तों को भी दर्शन नही देते हैं। इस अवधि को अनासारा के रूप में जाना जाता है। 15 दिनों के बाद भगवान वापस लौट कर आते हैं, और भक्तों को दर्शन देते हैं। भगवान के इन दर्शन को *नव यौवन दर्शन* तथा *नेत्रोत्सव* कहा जाता है। तथा नेत्रोत्सव के अगले ही दिन, भव्य जगन्नाथ रथ यात्रा उत्सव मनाया जाता है!
*जगन्नाथ रथ यात्रा | पुरी रथ यात्रा | हेरा पंचमी | गुण्डिचा माजन | बहुदा यात्रा | स्नान यात्रा*
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*करोना क्वारंटाइन वैसे ही है, जैसे जगन्नाथ रथयात्रा मे अनासार*
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