हे बन्दी छोड़ दयावान परमेश्वर जी! हम तत्वज्ञान युक्त भक्तों (सन्तों) की दौड़ आप तक है अर्थात् प्राथमिक तथा अंतिम (First and Final) लक्ष्य आप ही हैं। उदाहरण भी सटीक बताया कि जैसे कोई कौवा (Crow) समुद्री जहाज (Ship) में बैठा-बैठा समुद्र में जहाज के साथ दूर चला जाता है। उस समय उसको जहाज के अतिरिक्त कोई सुरक्षित स्थान दिखाई नहीं देता। यदि उसको उड़ा भी दिया जाए तो वह फिर से उसी जहाज के ऊपर बैठता है इसी प्रकार तत्वज्ञान प्राप्त साधक को अपने परमेश्वर कबीर जी तथा तत्वदर्शी गुरू जी के अतिरिक्त कोई संत, सत्संग तथा प्रभु दिखाई नहीं देता जो जन्म-मरण के चक्र तथा काल के जाल से रक्षा कर सके। इसलिए वाणी में भक्त अपनी सच्चाई व्यक्त करते हुए कह रहा है। हे बन्दी छोड़! मेरी दौड़ तो केवल आप परमेश्वर तक ही है बन्दी छोड़ का अर्थ है बन्द यानि कर्मों के बंधन के कारण काल के लोक में फँसकर जीव अनेकों प्रकार के प्राणियों के शरीरों में कष्ट भोगने के लिए विवश हैं, उससे छुड़ाने वाले। • #moksh #mukti #satlok_ashram #Jagatguru #bandichhod #dayal #ultimatedestination #humanlife #indianmind #mindquotes #vani #baani #gurubani #kabirvani #hindifacts #factsforlife #indianwisdom #bhaktibodh #garibdassji #bhagwan #saintrampaljimaharaj #truegurusaintrampalji #lifeofbhakt #kabir #saakhi #TatvdarshiSant #lordkabir #quotesfrombooks #bhaktipath • @bhaktibodh @spiritualleadersaintrampalji @satlokashram001 @sanewschannel (at Guru Ji Ke Charno Me) https://www.instagram.com/p/CB98_1Npwz3/?igshid=3nqagi3yhmu0