“तुम साथ हो जो मेरे, किस चीज़ की कमी है…” इन शब्दों का भाव यह दर्शाता है कि जब परमात्मा का सहारा और कृपा साथ हो, तो जीवन में किसी भी चीज़ की कमी महसूस नहीं होती। यही विश्वास और संतोष मन को सच्ची शांति प्रदान करता है।
इन्हीं भावनाओं के साथ प्रस्तुत हैं सतलोक आश्रम खमाणों, फतेहगढ़ साहिब (पंजाब) के शांत, सुंदर और आध्यात्मिक वातावरण की झलकियाँ।











