बस्तर के बादाम - सिहाड़ी बीज बस्तर में दो प्रकार की सिहाड़ी मिलती है एक सीहाडी और दूसरी देव सिहाड़ी. देव सिहाड़ी के बीज और फल सिहाड़ी से बहुत बड़े होते हैं. सिहाड़ी के बीज को भून कर खाया जाता है जो मूँगफली जैसा स्वाद देता है, जिसकी तस्वीर आप देख रहे हैं. इस सिहाड़ी को माहुल भी कहते हैं. सिहाड़ी बेलदार पेड़ है, जिसकी उम्र सैकड़ों वर्ष होती है. जिसके पत्ते से दोना पतरी बनता है. देव सिहाड़ी की पत्ती इतनी उपयोगी नहीं होती. परंपरागत रूप से सिहाड़ी और देव सिहाड़ी के तरह तरह के आभूषण बनते हैं। जो आदिवासी संस्कृति और छत्तीसगढ़ी परिधान का हिस्सा है. गले मे नेकलेस तो सबने देखा ही है. Exploring with: @vinaysheel25 #छोटेडोंगर #नारायणपुर #छत्तीसगढ़ #cgfood #instachhattisgarh #travel #traveldiaries #sihadi #narayanpur #southchhattisgarh #chhattiagarhi #chhattisgarh (at Chhattisgarh) https://www.instagram.com/p/CdvjEt_r-ty/?igshid=NGJjMDIxMWI=










