बाढ़ राहत में मिसाल — सम्मान समारोह में जब सच्चाई सामने आई, तो हर कोई सुनकर भावुक हो गया। मंच से स्पष्ट शब्दों में बताया गया कि बाढ़ की भयावह आपदा के समय जब ज़्यादातर लोग सिर्फ हालात देखते रहे, तब मदद के लिए वास्तव में सिर्फ Sant Rampal Ji Maharaj ही आगे आए।
आपदा की उस कठिन घड़ी में Sant Rampal Ji Maharaj जी के मार्गदर्शन में पीड़ित किसानों और जरूरतमंद परिवारों तक भोजन, राहत सामग्री और मानवीय सहयोग बिना किसी भेदभाव के पहुँचाया गया। यह सेवा किसी प्रचार के लिए नहीं, बल्कि मानवता के कर्तव्य के रूप में की गई।
सम्मान समारोह में वक्ताओं ने कहा कि सच्ची पहचान संकट के समय होती है। जब उम्मीदें टूटने लगती हैं, तब जो साथ खड़ा होता है वही असली हितैषी होता है। यही कारण है कि समाज ने कृतज्ञता प्रकट करते हुए Sant Rampal Ji Maharaj जी को सम्मानित किया और उनके सेवा कार्यों को मिसाल बताया।
यह क्षण केवल सम्मान का नहीं, बल्कि उस सच्ची सेवा की पहचान का था, जो शब्दों से नहीं बल्कि कर्मों से दिखाई देती है
















