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चीन के वैज्ञानिकों ने बंदर और सूअर को मिलाकर बनाई एक नई किस्म की प्रजाति, जानें कैसे
चैतन्य भारत न्यूज बीजिंग. दुनियाभर के वैज्ञानिक रोज ऐसी नई-नई खोज में लगे रहते हैं जो मानवजाति के लिए कल्याण साबित होती है। अब चीन के वैज्ञानिकों ने ऐसी ही एक अनोखी खोज की है, जिसमें उन्होंने बंदर और सूअर के जींस को मिलाकर एक नई प्रजाति का जानवर पैदा किया है। वैज्ञानिकों ने इस प्रजाति का नाम 'बंदर-सूअर प्रजाति' रखा है। (adsbygoogle = window.adsbygoogle || ).push({}); दोनों प्राणियों की हुई मौत वैज्ञानिकों ने ऐसे सिर्फ दो बच्चे पैदा किए थे। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, सूअर के दो बच्चों के दिल, जिगर और त्वचा में बंदर के 'टिश्यू' मौजूद हैं। यह दोनों बच्चे स्टेट सेल और प्रजनन जीव विज्ञान की स्टेट प्रयोगशाला में पैदा हुए थे, लेकिन एक हफ्ते बाद ही इनकी मौत हो गई थी। हालांकि अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि दोनों बंदर-सुअर की मौत क्यों हुई। वैज्ञानिकों का कहना है कि, इनकी मौत आईवीएफ प्रक्रिया में किसी तरह की समस्या की चलते हुई होगी। आईवीएफ तकनीक से बना शिशु सुअर न्यू साइंटिस्ट की एक रिपोर्ट के मुताबिक, चीन के वैज्ञानिकों ने सूअर के भ्रूण में बंदर की कोशिकाओं को इंजेक्ट करके 'काइमेरा' पिगलेट (आईवीएफ तकनीक से बना शिशु सुअर) पैदा करके यह सफलता हासिल की है। विज्ञान की भाषा में ऐसे प्राणी को काइमेरा कहते हैं जिसके शरीर में एक से ज्यादा प्रजातियों की जीवित कोशिकाएं मौजूद हों। प्रयोग के लिए 4000 सूअर भ्रूणों का इस्तेमाल बीजिंग के स्टेट की लैबोरेट्री ऑफ स्टेम सेल एंड रिप्रोडक्टिव बायोलॉजी के वैज्ञानिकों ने मानव प्रत्यारोपण के लिए अंगों को जानवरों में विकसित करने के मकसद से किए जा रहे शोध में यह सफलता हासिल की है। टीम के प्रमुख तांग हाई ने कहा कि, 'हमने बंदर की कोशिकाओं से एक फ्लोरोसेंट प्रोटीन विकसित किया जिसे उन्होंने सूअर के भ्रूण में इंजेक्ट कर दिया। इस प्रयोग के लिए 4000 सूअर भ्रूणों का इस्तेमाल किया गया था। इसके बाद पैदा हुए सूअर के बच्चों में से केचल दो हाइब्रिड थे।' 2017 में बनाया था मानव-सूअर भ्रूण इन बच्चों के दिल, जिगर, फेफड़े और त्वचा के ऊतक (TIssue) आंशिक रूप से बंदर कोशिकाओं से मिलकर बने थे। बता दें इससे पहले साल 2017 में भी सैन डिएगो के सल्क इंस्टीट्यूट में मानव-सूअर भ्रूण बनाया गया था, लेकिन उसकी भी 28 दिन बाद उसकी मौत हो गई थी। ये भी पढ़े... वैज्ञानिकों ने की आकाशगंगा में नए ब्लैक होल की खोज, सूर्य से 70 गुना बड़ा है आकार मंगल ग्रह पर मिली डेड बॉडी, वैज्ञानिकों को अध्ययन में मिले जीवन के सबूत वैज्ञानिकों का बड़ा खुलासा- बातचीत के दौरान तुरंत जवाब कैसे देते हैं हम? Read the full article
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