रावण ने अपने वध का अधिकार सिर्फ राम को दिया था। ये जो आज दशहरे पर रावण दहन का उत्सव मना खुद को राम का अनुयायी मान रहे हैं, इनमे ना ही राम के कोई गुण हैं, ना ही रावण सा ज्ञान। अपने अंदर की बुराईयों पर विजय आज तक पायें नही, और कहते हैं बुराई पर अच्छाई की विजय की शुभकामनाएं। अरे रावण को बुरा बोलने वालों तुम उसके चरण के रज के बराबर भी नही हो। पहले उसको जानो फिर बोलना। राम महान कहलायें, पर रावण उसका कारण बना। इसलिये नही की वह पापी था, बल्कि इसलिये की वह प्रतापी था।🙏 ©आयुष पंचोली ©ayush_tanharaahi #kuchaisehi #ayushpancholi #hindimerijaan #jailankesh #jaishriram (at Smart city indore) https://www.instagram.com/p/CGz352nluU6/?igshid=30xgqeff3d4s













