Happy Birthday To Dr K Sivan (ISRO -- Chairman) #m_a_t_a_n_g_i #drksivan #isro #isroindia #isromissions #proudofisro https://www.instagram.com/p/B-9ECCLh17q/?igshid=1vt6p98fennge
seen from China
seen from United States
seen from United States

seen from Australia
seen from Germany
seen from Yemen
seen from Australia

seen from United States
seen from United Kingdom
seen from Russia
seen from Yemen
seen from T1
seen from Belarus
seen from Taiwan
seen from United States

seen from Malaysia
seen from China
seen from Singapore
seen from China
seen from Australia
Happy Birthday To Dr K Sivan (ISRO -- Chairman) #m_a_t_a_n_g_i #drksivan #isro #isroindia #isromissions #proudofisro https://www.instagram.com/p/B-9ECCLh17q/?igshid=1vt6p98fennge
‘गगनयान’ मिशन में उड़ान भरेगी यह महिला रोबोट, इंसानों जैसा करेगी बर्ताव
चैतन्य भारत न्यूज नई दिल्ली. भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान केंद्र (इसरो) ने बुधवार को मानवरहित अंतरिक्ष मिशन गगनयान में भेजी जाने वाली ह्यूमनॉइड व्योममित्रा का वीडियो जारी किया। (adsbygoogle = window.adsbygoogle || ).push({}); इसरो के वैज्ञानिक सैम दयाल ने बताया कि, 'यह एक हाफ ह्यूमेनॉयड रोबोट है। इसका नाम है व्योममित्र। इस ह्यूमेनॉयड रोबोट में मानव शरीर से संबंधित कुछ मशीनें लगी हैं जो अंतरिक्ष में मानव शरीर संरचना पर होने वाले बदलावों का अध्ययन करेगी। साल 1984 में राकेश शर्मा रूस के अंतरिक्ष यान में बैठकर अंतरिक्ष गए थे। इस बार भारतीय एस्ट्रोनॉट्स भारत के अंतरिक्ष यान में बैठ कर स्पेस में जाएंगे।' इसरो चीफ डॉक्टर के. सिवन ने बताया कि गगनयान मिशन के लिए जनवरी के अंत में ही 4 चुने हुए एस्ट्रोनॉट्स ट्रेनिंग के लिए रूस भेजे जाएंगे। हमारे गगननॉट्स की ट्रेनिंग रूस में 11 महीने चलेगी। इसके बाद वे भारत में आकर क्रू मॉड्यूल की ट्रेनिंग लेंगे। ये ट्रेनिंग बेंगलुरु के पास चलकेरा में होने की संभावना है। First glimpse of 'व्योममित्र', the half humanoid prepaired by @isro for #Gaganyaan mission unveiled... Proud moment for us... pic.twitter.com/BmUT6J6pDr — Maheish Girri (@MaheishGirri) January 22, 2020 के. सिवन का कहना है कि, 'गगनयान मिशन सिर्फ इंसान को अंतरिक्ष में भेजने का मिशन नहीं है। यह मिशन हमें आगे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सहयोग जुटाने में मदद करेगा। हम जानते हैं कि वैज्ञानिक खोज, आर्थिक विकास, शिक्षा, तकनीकी विकास और युवाओं को प्रेरणा देना सभी देशों का लक्ष्य है। किसी भारतीय द्वारा अंतरिक्ष की यात्रा इन सभी प्रेरणाओं के लिए सबसे बेहतरीन प्लेटफॉर्म है।' उन्होंने कहा कि, 'हम तीन चरणों में यह सब कर रहे हैं। दिसंबर 2020 और जून 2021 में दो मानवरहित मिशन और उसके बाद दिसंबर 2021 में मानवयुक्त अंतरिक्ष यान भेजेंगे।'' ये भी पढ़े... चंद्रयान-3 को मिली हरी झंडी, इसरो प्रमुख ने बताया कब होगा लॉन्च? इसरो ने चांद पर खोज निकाला विक्रम लैंडर, ऑर्बिटर ने भेजी पहली तस्वीर इसरो ने लॉन्च की डिफेंस सैटेलाइट RISAT-2BR1, अंतरिक्ष में बनेगी भारत की खुफिया आंख, चप्पे-चप्पे पर रखेगी नजर Read the full article
पृथ्वी की कक्षा से बाहर निकलकर चांद के सफर की ओर बढ़ा चंद्रयान-2
चैतन्य भारत न्यूज मिशन चांद पर निकला इसरो का 'चंद्रयान-2' पृथ्वी की कक्षा से बाहर निकल गया है। इसरो द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक, बुधवार सुबह करीब 3:30 बजे इसमें एक महत्वपूर्ण बदलाव किया, जिसे ट्रांस-ल्यूनर इंजेक्शन (TLI) कहा जाता है। इस दौरान चंद्रयान-2 पृथ्वी की कक्षा से बाहर निकलकर अपने लक्ष्य चंद्रमा की ओर आगे बढ़ गया है।
बता दें 20 अगस्त को चंद्रयान-2 चांद की कक्षा में प्रवेश करेगा और इसके करीब 18 दिन बाद यानी 7 सितंबर को चंद्रयान-2 चांद की सतह पर उतर जाएगा। इंडियन स्पेस रिसर्च ऑर्गनाइजेशन (ISRO) के चेयरमैन डॉ. के सिवन ने बताया था कि, '3850 किलो वजनी चंद्रयान-2 को 22 जुलाई को लॉन्च किया गया था और यह 7 सितंबर को चंद्रमा की सतह पर पहुंचेगा।' उन्होंने यह भी कहा था कि, 'चंद्रयान-2 को लॉन्च करने के बाद हमने करीब 5 बार उसके साथ प्रयोग किए हैं। अब तक चंद्रयान-2 धरती की चारों ओर परिक्रमा लगा रहा था लेकिन अब वह धरती की कक्षा छोड़कर चांद की ओर चला जाएगा।'
डॉ. के सिवन के मुताबिक, 20 अगस्त को चंद्रयान-2 चांद की कक्षा तक पहुंच जाएगा। इसके बाद चंद्रयान-2 का लूनर ऑर्बिट इंसर्शन होगा। साथ ही इसमें और भी कई प्रयोग किए जाएंगे और फिर 7 सितंबर को चंद्रयान-2 चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर उतरेगा। गौरतलब है कि कुछ दिन पहले ही इसरो ने कहा था कि, चंद्रयान-2 अच्छा काम कर रहा है और उसके सभी सिस्टम भी ठीक तरह से काम कर रहे हैं। इसे देखकर यह लग रहा है कि चांद पर जाकर वह सभी जानकारी जुटाने में सफलता हासिल कर सकता है। ये भी पढ़े... चंद्रयान-2 ने पहली बार भेजी तस्वीरें, दिखा अंतरिक्ष से धरती का बेहद खूबसूरत नजारा चंद्रयान-1 ने चांद पर खोजा था पानी, जानिए चंद्रयान-2 क्या-क्या पता लगाएगा चांद को छूने के लिए भारत ने बढ़ाएं अपने कदम, सफलतापूर्वक लॉन्च हुआ चंद्रयान-2, देखें वीडियो Read the full article
Tomorrow is 99th birth anniversary of #DrVikramSarabhai, our 1st #Chairman (1963-71). A bust of #DrSarabhai to be unveiled at HQ. #DrKKasturirangan to deliver Sarabhai talk. Chairman #DrKSivan to speak about #SarabhaiCentenary progs to begin next year. @PMOIndia #Sarabhai100