ऐसा मैं कहता हूं
ऐसा मैं कहता हूं
एक सामान्य व्यक्ति अपनी प्रत्येक जानकारी लिए दूसरे पर आश्रित रहता है । प्रत्येक कथन का कोई न कोई संदर्भ अवश्य होता है । कहा जाता है ‘मैंने सूना है कि’ , ‘सूत्रों के अनुसार’ , ‘ अमुक पुस्तक में पढ़ा’ , ‘पुराने लोग कहा करते थे’ , ‘लोकोक्ति है’ आदि ऐसे अनेक प्रयोग भाषा-व्यवहार में उपयोग किए जाते हैं परन्तु जब आगमों के द्वारा भगवान महावीर की वाणी से साक्षात्कार होता है तब वे फरमाते हैं ‘ त्ति बेमि ‘…
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