तुम मुझसे कोसों दूर थी जब मैंने तुम्हें पहली बार छुआ सबसे पहले मैंने तुम्हारे हाथ थामे बचपन की उन कहानियों में जहां तुमने जबरदस्ती बंद कर ली अपनी आँखें अंधेरे से डर कर फिर मैंने तुम्हारे गाल छुए जब तुम्हारे गालों पर बस ज़ख्म थे मैंने तुम्हारा माथा छुआ जब किसी ने नहीं देखा तुम्हारे तपते बदन पर चढ़ा हुआ बुखार और अंत में अपनी हथेलियों की बची हुई नर्मी से मैंने छुए तुम्हारे तलवे इस तरह मैंने तुम्हें कई बार छुआ बिना छुए हुए... —praphull












